Indore Paver Block Controversy: Councillor Kunal Solanki ने Nagar Nigam पर लगाए पैसे बर्बाद करने के आरोप
Indore में एक बार फिर Nagar Nigam के कामकाज को लेकर विवाद खड़ा हो गया है। Indore Paver Block Controversy के बीच क्षेत्रीय Councillor Kunal Solanki ने निगम की कार्यशैली पर गंभीर सवाल उठाए हैं। उनका आरोप है कि कई जगहों पर अच्छी स्थिति में मौजूद पुराने Paver Blocks हटाकर नए लगाए जा रहे हैं, जिससे जनता का पैसा बर्बाद हो रहा है।
इस मुद्दे को लेकर स्थानीय लोगों के बीच भी चर्चा तेज हो गई है। खासकर गर्मी और Water Crisis के बीच इस तरह के खर्च को लेकर सवाल उठ रहे हैं।
Indore Paver Block Controversy में क्या बोले Kunal Solanki?
Councillor Kunal Solanki ने मौके पर मौजूद पुराने Paver Blocks दिखाते हुए कहा कि इनमें कोई बड़ी खराबी नहीं है। इसके बावजूद इन्हें हटाकर नए Blocks लगाए जा रहे हैं।
उन्होंने आरोप लगाया कि यह काम जरूरत के आधार पर नहीं, बल्कि Survey Points को बेहतर दिखाने के लिए किया जा रहा है।
Survey Vehicle और Award System पर लगाए आरोप
Kunal Solanki ने दावा किया कि कुछ चुनिंदा स्थानों पर इसलिए काम किया जाता है क्योंकि वहां Survey Vehicles का Navigation रुकता है।
उनका कहना है कि अधिकारियों द्वारा उन्हीं पॉइंट्स को बेहतर दिखाकर Award हासिल किए जाते हैं। इसी वजह से शहरभर की वास्तविक समस्याओं की बजाय केवल चुनिंदा जगहों पर फोकस किया जाता है।
Water Crisis के बीच खर्च पर सवाल
पार्षद ने कहा कि गर्मी के मौसम में कई इलाकों में Water Supply की समस्या बनी हुई है। लोगों को समय पर Tanker उपलब्ध नहीं हो पा रहे हैं।
इसके अलावा Water Theft रोकने को लेकर भी सवाल उठाए गए। Solanki ने कहा कि जहां पैसा बचाने की जरूरत है, वहां बचत नहीं की जा रही। वहीं पुराने Blocks हटाकर नए लगाने में अनावश्यक खर्च किया जा रहा है।
Commissioner से की अपील
Councillor Kunal Solanki ने Indore Municipal Commissioner से इस तरह के कामों की समीक्षा करने की अपील की।
उन्होंने सुझाव दिया कि पुराने Paver Blocks को हटाने की बजाय उनका Maintenance या Color Work कराया जा सकता है। इससे Nagar Nigam का खर्च भी कम होगा और काम भी चलता रहेगा।
Local Residents ने भी जताई चिंता
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि Water Crisis और दूसरी जरूरी समस्याओं के बीच Paver Block Replacement पर खर्च समझ से परे है।
हालांकि दूसरी ओर निगम की ओर से इस मामले में अभी तक कोई आधिकारिक प्रतिक्रिया सामने नहीं आई है। फिलहाल यह मुद्दा Indore Civic Administration में चर्चा का विषय बना हुआ है।
Outbound Links:

