Indore Traffic Police: हेलमेट और सीट बेल्ट लगाने वाले वाहन चालकों का सम्मान
इंदौर: Indore Traffic Police ने सड़क सुरक्षा को लेकर जागरूकता अभियान चलाया। चाणक्यपुरी चौराहे पर यातायात निरीक्षक सोनाली वास्केल और टीम ने वाहन चालकों को यातायात नियमों के प्रति जागरूक किया।
इस दौरान हेलमेट और सीट बेल्ट का इस्तेमाल करने वाले वाहन चालकों को सम्मानित किया गया। उन्हें चॉकलेट देकर नियमों का पालन जारी रखने के लिए प्रोत्साहित भी किया गया।
Indore Traffic Police ने चाणक्यपुरी में चलाया अभियान
सबसे पहले, यातायात पुलिस की टीम चाणक्यपुरी चौराहे पर पहुंची। यहां वाहन चालकों को सड़क सुरक्षा से जुड़े नियमों की जानकारी दी गई।
इसके बाद टीम ने उन चालकों पर ध्यान दिया, जो पहले से हेलमेट और सीट बेल्ट का इस्तेमाल कर रहे थे। ऐसे वाहन चालकों को सम्मानित किया गया।
हेलमेट और सीट बेल्ट इस्तेमाल करने वालों को चॉकलेट
वहीं, यातायात पुलिस ने नियमों का पालन करने वाले वाहन चालकों को चॉकलेट देकर प्रोत्साहित किया। इसका उद्देश्य सड़क सुरक्षा को लेकर सकारात्मक व्यवहार को बढ़ावा देना रहा।
इसके अलावा, पुलिस ने अन्य वाहन चालकों से भी हेलमेट और सीट बेल्ट का नियमित इस्तेमाल करने की अपील की।
अभियान का उद्देश्य क्या है?
इसी दौरान यातायात पुलिस ने सड़क पर सुरक्षित व्यवहार को बढ़ावा देने पर जोर दिया। दोपहिया वाहन चालकों के लिए हेलमेट और चारपहिया वाहन चालकों के लिए सीट बेल्ट के महत्व को बताया गया।
इसके बाद पुलिस ने नागरिकों से यातायात नियमों का पालन करने की अपील की। सुरक्षित ड्राइविंग से वाहन चालक खुद के साथ दूसरे लोगों की सुरक्षा में भी योगदान दे सकते हैं।
इंदौर में लगातार चल रहे सड़क सुरक्षा अभियान
वहीं, इंदौर यातायात पुलिस समय-समय पर जागरूकता अभियान चलाती रही है। इनमें हेलमेट, सीट बेल्ट, ओवरस्पीडिंग और मोबाइल फोन के इस्तेमाल से जुड़े नियमों पर जोर दिया जाता है।
इसके अलावा, पुलिस कुछ अभियानों में नियमों का पालन करने वाले चालकों को सकारात्मक तरीके से प्रोत्साहित भी करती है। इससे सड़क सुरक्षा संदेश को व्यवहार से जोड़ने की कोशिश की जाती है।
वाहन चालकों से नियम पालन की अपील
फिलहाल, यातायात पुलिस ने वाहन चालकों से नियमित रूप से हेलमेट और सीट बेल्ट लगाने की अपील की है।
इसके साथ ही वाहन चलाते समय मोबाइल फोन का इस्तेमाल न करने, निर्धारित गति सीमा का पालन करने और यातायात संकेतों का सम्मान करने पर भी जोर दिया गया है।

