देश के सबसे बड़े शेयर बाजार नेशनल स्टॉक एक्सचेंज (NSE) के शेयर आज गुरुवार को बाजार में लिस्ट होने जा रहे हैं। सुबह 10 बजे BSE पर NSE के शेयरों की ट्रेडिंग शुरू होगी। यह 2026 का अब तक का सबसे बड़ा IPO है, जिसका आकार करीब ₹22,569 करोड़ (2.3 अरब डॉलर) है।
NSE का यह इश्यू हुंडई मोटर इंडिया के 2024 वाले IPO के बाद देश का दूसरा सबसे बड़ा पब्लिक इश्यू है। प्राइस बैंड ₹1,700 से ₹1,785 तय किया गया था, और इश्यू टॉप प्राइस ₹1,785 पर बंद हुआ। इस भाव पर एक्सचेंज का मूल्यांकन करीब 46 अरब डॉलर बैठता है।
निवेशकों ने दिखाया जबरदस्त भरोसा
17 से 21 सितंबर तक खुले इस IPO को निवेशकों का शानदार रिस्पॉन्स मिला। कुल 5.71 गुना सब्सक्रिप्शन हुआ। क्वालिफाइड इंस्टीट्यूशनल बायर्स (QIB) का हिस्सा 12.68 गुना भरा, जबकि नॉन-इंस्टीट्यूशनल निवेशकों ने 6.55 गुना और रिटेल निवेशकों ने 1.39 गुना बोली लगाई। शेयरों का अलॉटमेंट 22 सितंबर को पूरा हो गया था।
यह पूरा इश्यू ऑफर फॉर सेल है, यानी 12.64 करोड़ शेयर मौजूदा शेयरधारकों ने बेचे हैं। कंपनी को इससे कोई ताजा पूंजी नहीं मिलेगी। रकम बेचने वाले शेयरधारकों के पास जाएगी।
लिस्टिंग से पहले ग्रे मार्केट में संकेत नरम रहे हैं। GMP करीब ₹40 प्रति शेयर चल रहा है, जिससे ₹1,825 के आसपास लिस्टिंग का अनुमान है। यानी इश्यू प्राइस से महज 2 से 2.4 प्रतिशत का फायदा। विश्लेषकों का मानना है कि शुरुआत मामूली बढ़त के साथ होगी, लेकिन अलॉटियों की मुनाफावसूली से दिनभर दबाव भी रह सकता है।
NSE की ताकत इसकी बाजार हिस्सेदारी है। कैश इक्विटी टर्नओवर में इसकी हिस्सेदारी करीब 93 प्रतिशत और ऑप्शंस कारोबार में 75 प्रतिशत है। हालांकि एक चिंता भी है — ट्रांजैक्शन चार्ज NSE की ऑपरेटिंग आय का 78.65 प्रतिशत है, और अकेले ऑप्शंस ट्रेडिंग से 60 प्रतिशत से ज्यादा आय आती है। SEBI डेरिवेटिव नियमों को लगातार सख्त कर रहा है, जिससे यह आय प्रभावित हो सकती है।
निवेशकों की नजर आज लिस्टिंग के बाद शेयर के प्रदर्शन पर रहेगी। जानकारों के मुताबिक लंबी अवधि में एक्सचेंज का दबदबा इसकी सबसे बड़ी ताकत है, लेकिन नियामकीय बदलावों पर नजर रखनी होगी।
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स्रोत: Reuters

