ग्वालियर के शीतला माता मंदिर हादसे के बाद मुख्यमंत्री मोहन यादव सोमवार को ग्वालियर पहुंचे। Mohan Yadav Gwalior visit के दौरान उन्होंने जयारोग्य अस्पताल (जेएएच) के ट्रामा सेंटर में भर्ती घायलों से मुलाकात की। उनका हालचाल जाना। सीएम के साथ केंद्रीय मंत्री ज्योतिरादित्य सिंधिया और कैबिनेट मंत्री तुलसी सिलावट भी मौजूद रहे।
मुख्यमंत्री ने ट्रामा सेंटर के डॉक्टरों से घायलों की स्थिति की जानकारी ली। उन्होंने चल रहे उपचार के बारे में भी पूछा। सीएम ने चिकित्सकों को सभी घायलों को उचित और बेहतर इलाज देने के निर्देश दिए। इसके बाद उन्होंने घायलों के परिजनों से बात की। उन्हें हरसंभव मदद का भरोसा दिलाया।
कलेक्टरेट में समीक्षा बैठक, सख्त कार्रवाई का ऐलान
ट्रामा सेंटर के बाद मुख्यमंत्री ने कलेक्टरेट में उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक की। बैठक में हादसे की जांच की प्रगति पर चर्चा हुई। जिम्मेदारी तय करने पर भी विस्तार से बात हुई। सीएम ने कहा कि मामले में दोषियों पर और कठोर कार्रवाई की जाएगी। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिया। भविष्य में ऐसे हादसों की पुनरावृत्ति रोकने के लिए सुरक्षा इंतजामों की समीक्षा की जाए।
इससे पहले सोमवार दोपहर करीब 2:35 बजे मुख्यमंत्री विशेष विमान से ग्वालियर एयरपोर्ट पहुंचे थे। दौरे के दौरान वे मृतकों के परिजनों के घर भी गए। वहां उन्होंने शोक संवेदना व्यक्त की। करीब 4:35 बजे वे वापस भोपाल रवाना हुए। पत्रिका की रिपोर्ट के मुताबिक
बता दें कि शनिवार-रविवार की दरमियानी रात चिनौर रोड पर पंजाब नंबर के धान से लदे ट्रक ने श्रद्धालुओं को कुचल दिया था। हादसे में अब तक 15 लोगों की मौत हो चुकी है। ट्रामा सेंटर में 28 से 30 घायलों का इलाज चल रहा है। पहले पढ़ें: सीएम का दौरा कार्यक्रम | मजिस्ट्रियल जांच के आदेश
वहीं, सीएम के दौरे से पहले जेएएच प्रबंधन ने ट्रामा सेंटर में भर्ती मरीजों के परिजनों को अस्पताल परिसर से बाहर निकाल दिया था। इससे परिजनों में नाराजगी देखी गई। परिजनों का कहना था कि सीएम के रहते अगर उनके मरीज को कोई दिक्कत होती है तो उसका जिम्मेदार कौन होगा।
