Israel में सरकार बनाने की कोशिश को रविवार शाम औपचारिक रूप मिल गया। राष्ट्रपति Isaac Herzog ने Jerusalem में अपने आवास पर Gadi Eisenkot को सरकार बनाने का न्योता सौंपा। इस समारोह के साथ Eisenkot Israel में नई सरकार बनाने की दौड़ में सबसे आगे आ गए हैं।
राष्ट्रपति ने शनिवार को Israel सरकार बनाने का न्योता Eisenkot को देने का फैसला किया था। इसके बाद रविवार शाम करीब पांच बजे (स्थानीय समय) औपचारिक समारोह हुआ। समारोह में Herzog ने Eisenkot को वह पत्र सौंपा, जिससे उन्हें गठबंधन बनाने की प्रक्रिया शुरू करने का अधिकार मिला। Jerusalem Post की रिपोर्ट के मुताबिक, समारोह राष्ट्रपति आवास पर हुआ।
Eisenkot Israel के सामने गठबंधन की चुनौती
Eisenkot को सरकार बनाने के लिए 28 दिन का समय मिला है। हालांकि, जरूरत पड़ने पर राष्ट्रपति यह समय 14 दिन और बढ़ा सकते हैं। Eisenkot को कम से कम 61 सांसदों का समर्थन जुटाना होगा, क्योंकि Knesset में कुल 120 सीटें हैं।
27 अक्टूबर के चुनाव में किसी भी खेमे को स्पष्ट बहुमत नहीं मिला था। Netanyahu के खेमे को 53 सीटें मिलीं, जबकि Eisenkot के विपक्षी गठबंधन को 48 सीटें मिलीं। अरब दलों के पास 19 सीटें हैं, इसलिए उनका समर्थन भी अहम होगा।
सलाह-मशविरे के दौरान 67 सांसदों ने Eisenkot के नाम की सिफारिश की थी। इसके मुकाबले Netanyahu को 46 सांसदों का समर्थन मिला। इसलिए Herzog ने पहला मौका Eisenkot को देने का फैसला किया।
Eisenkot ने मांगी राष्ट्रीय आपात सरकार
समारोह में Eisenkot ने राष्ट्रीय आपात सरकार बनाने की मांग की। उन्होंने कहा कि Israel गंभीर संकट और गहरे राजनीतिक उथल-पुथल के दौर से गुजर रहा है। लेकिन गठबंधन बनाना आसान नहीं होगा, क्योंकि कई दलों के बीच मतभेद हैं।
Herzog ने अमेरिका में हुए चुनाव के बाद बदली राजनीतिक हकीकत का भी जिक्र किया। उन्होंने कहा कि देश के सामने अनिश्चितता है। Netanyahu ने भी व्यापक एकता वाली व्यवस्था की मांग की है। क्षेत्र में हाल ही में GCC Railway समझौता भी हुआ है, जिससे खाड़ी देशों के बीच संपर्क बढ़ेगा।
Eisenkot पहले Israel रक्षा बलों के प्रमुख रह चुके हैं। वे 2022 में राजनीति में आए और अब Yashar पार्टी के अध्यक्ष हैं। अगर वे 28 दिन में बहुमत नहीं जुटा पाए, तो राष्ट्रपति किसी और को मौका दे सकते हैं।
