भारत को 2030 में कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी मिली, अहमदाबाद में होंगे गेम्स; 2036 ओलिंपिक की दावेदारी भी मजबूत
भारत को 2030 में कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी मिली, अहमदाबाद में होंगे गेम्स; 2036 ओलिंपिक की दावेदारी भी मजबूत

भारत ने खेलों की दुनिया में एक और बड़ा मुकाम हासिल किया है। अंतर्राष्ट्रीय कॉमनवेल्थ गेम्स फेडरेशन (CGF) ने भारत को 2030 में कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी देने का ऐलान किया। खेलों की मेजबानी अहमदाबाद शहर में होगी। यह ऐतिहासिक निर्णय भारत के लिए खेल और इंफ्रास्ट्रक्चर के क्षेत्र में नई ऊँचाइयों को छूने का अवसर है।
अहमदाबाद में होंगे गेम्स
CGF के निर्णय के अनुसार, 2030 के कॉमनवेल्थ गेम्स का आयोजन अहमदाबाद में होगा। भारत ने इस आयोजन के लिए बेहतरीन इंफ्रास्ट्रक्चर, खेल सुविधाएं और संगठन क्षमता का प्रस्ताव पेश किया था। अहमदाबाद में पहले से ही कई आधुनिक स्टेडियम और स्पोर्ट्स कॉम्प्लेक्स मौजूद हैं। सरकार और खेल मंत्रालय ने गेम्स के लिए आवश्यक निवेश, सुरक्षा और यातायात सुविधाओं की पूरी योजना भी पेश की है।
CGF के अध्यक्ष ने भारत के प्रस्ताव की प्रशंसा करते हुए कहा कि देश की मजबूत खेल संस्कृति और युवाओं की भागीदारी इसे मेजबान के लिए उपयुक्त बनाती है। भारत के लिए यह एक गर्व की बात है क्योंकि पहले भारत ने 2010 में दिल्ली में कॉमनवेल्थ गेम्स आयोजित किए थे। अब 20 साल बाद यह जिम्मेदारी फिर से भारत को दी गई है।

2036 ओलिंपिक की दावेदारी मजबूत
2030 कॉमनवेल्थ गेम्स की मेजबानी जीतने के बाद भारत की 2036 में ओलिंपिक की मेजबानी की संभावना और मजबूत हो गई है। विशेषज्ञों का मानना है कि भारत ने कॉमनवेल्थ गेम्स की सफल मेजबानी के अनुभव और बुनियादी ढांचे के विकास के बाद, ओलिंपिक जैसे बड़े स्तर के खेल आयोजन के लिए अपनी दावेदारी मजबूत कर ली है।
भारतीय खेल मंत्रालय और भारतीय ओलंपिक एसोसिएशन (IOA) ने पहले ही 2036 ओलिंपिक की तैयारी शुरू कर दी है। इसमें स्टेडियम निर्माण, एथलीट ट्रेनिंग सेंटर, हॉस्पिटैलिटी और लॉजिस्टिक्स जैसी तैयारियों पर जोर दिया जाएगा।
खेल और युवा विकास के लिए अवसर
2030 कॉमनवेल्थ गेम्स भारत के लिए खेल और युवाओं के विकास का बड़ा प्लेटफार्म साबित होगा। इस आयोजन से देश में खेल सुविधाओं का विस्तार होगा और नए एथलीटों को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर प्रदर्शन करने का अवसर मिलेगा। साथ ही, यह आयोजन देश की आर्थिक वृद्धि और पर्यटन के लिए भी लाभकारी होगा।
भारत के प्रधानमंत्री और खेल मंत्रालय ने भी इस उपलब्धि को ऐतिहासिक बताते हुए कहा कि यह देश के खेल क्षेत्र में नई क्रांति लाएगा। आगामी सालों में अहमदाबाद के लिए नई योजनाओं और स्टेडियम निर्माण का काम तेज़ होगा।
2030 कॉमनवेल्थ गेम्स और 2036 ओलिंपिक की दावेदारी दोनों ही भारत की वैश्विक खेलों में महत्व बढ़ाने की दिशा में मील का पत्थर साबित होंगी।





