इंडिगो संकट के बीच बस ऑपरेटरों ने बढ़ाया किराया, लंबी दूरी की यात्रियों की परेशानी बढ़ी
इंडिगो संकट के बीच बस ऑपरेटरों ने बढ़ाया किराया, लंबी दूरी की यात्रियों की परेशानी बढ़ी

इंदौर। इंडिगो की फ्लाइट कैंसिलेशन की घटनाओं ने देशभर में यात्रियों को भारी परेशानी में डाल दिया है, और इसी बीच निजी बस ऑपरेटरों ने लंबी दूरी के किराए में 10 से 20 प्रतिशत तक की बढ़ोतरी कर दी है। यह असर विशेष रूप से जबलपुर से पुणे, नागपुर, इंदौर, प्रयागराज और हैदराबाद के लिए चलने वाली बसों में देखा जा रहा है।
शादियों का सीजन और क्रिसमस के चलते ट्रेनों में आरक्षित सीटें उपलब्ध नहीं हैं, जिससे लंबी दूरी की ट्रेनों में वेटिंग लिस्ट लंबी और नो रूम की स्थिति बनी हुई है। ऐसे समय में इंडिगो में फ्लाइट कैंसिलेशन की खबरों ने यात्रियों की परेशानी और बढ़ा दी। लोग वैकल्पिक माध्यम के रूप में निजी बस और टूर एंड ट्रैवल्स की सेवाओं की ओर बढ़ रहे हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि ‘आपदा में अवसर’ के इस गणित का सबसे ज्यादा लाभ निजी बस ऑपरेटर उठा रहे हैं। आम दिनों में मंदी झेल रहे टूर एंड ट्रैवल्स और लग्जरी बस ऑपरेटरों ने इस मौके का फायदा उठाते हुए अपनी बस सेवाओं के किराए बढ़ा दिए हैं। जबलपुर से इंदौर, प्रयागराज और हैदराबाद की लग्जरी व वाल्वो बसों में किराया अप्रत्याशित रूप से बढ़ा है।
यात्रियों की बढ़ती मुश्किलों के बीच बसों की मांग भी तेजी से बढ़ी है। इंडिगो में फ्लाइट कैंसिल होने के कारण लोग अब विकल्प के रूप में लग्जरी बसों को चुन रहे हैं, लेकिन इसके लिए उन्हें अधिक किराया देना पड़ रहा है। कुछ यात्रियों ने टूर एंड ट्रैवल्स एजेंसियों के जरिए टिकट बुक कराने की कोशिश की, जिससे बसों में भी सीटों की कमी और कीमतों में उछाल देखा गया।
इसी बीच रेलवे विभाग ने भी यात्रियों के लिए कुछ विकल्प दिए हैं। जबलपुर होकर चलने वाली बनारस-एलटीटी स्पेशल ट्रेन क्रमांक 01082/01081 बनारस से 7 दिसंबर को रात 8.55 बजे प्रस्थान करेगी और अगले दिन सुबह 8.30 बजे जबलपुर पहुंचेगी। वापसी में यह ट्रेन एलटीटी से 9 दिसंबर को सुबह 8.25 बजे प्रस्थान कर मध्यरात्रि को 2.10 बजे जबलपुर पहुंचती है और अगले दिन शाम 4 बजे बनारस पहुंचेगी।
हालांकि रेलवे की कई ट्रेन सेवाएं भी प्रभावित हैं। जबलपुर-रीवा इंटरसिटी सहित आठ ट्रेनें 7 से 13 दिसंबर के बीच कटनी-मैहर रेलखंड पर स्थित अमदरा स्टेशन में नहीं रुकेंगी। इंटरलाकिंग कार्य के कारण रीवा-चिरमिरी, प्रयागराज छिवकी-इटारसी, रीवा-बिलासपुर, सतना-कटनी मेमू, रीवा-जबलपुर इंटरसिटी, रेवांचल और सारनाथ एक्सप्रेस आंशिक रूप से निरस्त रहेंगे।
यात्रियों के लिए यह स्थिति चुनौतीपूर्ण साबित हो रही है। इंडिगो फ्लाइट संकट, ट्रेनों में लंबी वेटिंग और निजी बस ऑपरेटरों द्वारा बढ़ाया किराया मिलकर एक बड़ा संकट खड़ा कर रहे हैं। विशेषज्ञों का कहना है कि सरकार और परिवहन विभाग को इस पर कड़ा ध्यान देना चाहिए ताकि यात्रियों की सुविधा और सुरक्षा सुनिश्चित हो सके।
इंडिगो फ्लाइट संकट के बीच बसों के किराए में बढ़ोतरी यात्रियों के लिए गंभीर आर्थिक बोझ बन गई है। लंबे समय से इंतजार कर रहे यात्रियों को न केवल महंगी यात्रा करनी पड़ रही है, बल्कि ट्रेन और फ्लाइट की कमी से उनके यात्रा विकल्प भी सीमित हो गए हैं।





