भारत के इतिहास का सबसे बड़ा IPO आज सब्सक्रिप्शन के लिए खुल गया है। Jio IPO बुधवार, 21 अक्टूबर को खुला और शुक्रवार, 23 अक्टूबर को बंद होगा। प्राइस बैंड ₹1,065 से ₹1,119 प्रति शेयर तय किया गया है।
Jio IPO: ₹30,213 करोड़ का फ्रेश इश्यू, कोई OFS नहीं
यह इश्यू पूरी तरह फ्रेश इश्यू है। इसमें 27 करोड़ नए शेयर जारी होंगे और कोई प्रमोटर या निवेशक अपनी हिस्सेदारी नहीं बेच रहा है। यानी जुटाई गई पूरी रकम कंपनी के पास जाएगी। अप्पर बैंड पर कंपनी का वैल्यूएशन करीब ₹10.3 लाख करोड़ आंका गया है।
रिटेल निवेशकों के लिए एक लॉट में 12 शेयर हैं। अप्पर बैंड पर न्यूनतम निवेश ₹13,428 होगा। कर्मचारियों के लिए ₹54 प्रति शेयर की छूट के साथ 46,94,835 शेयर आरक्षित हैं। इसके अलावा रिलायंस इंडस्ट्रीज के पात्र शेयरहोल्डरों के लिए ₹2,500 करोड़ तक का आरक्षण है।
एंकर बुक में रिकॉर्ड डिमांड, ₹2.5 लाख करोड़ की बोलियां
सोमवार, 19 अक्टूबर को एंकर निवेशकों को ₹8,109.85 करोड़ के शेयर आवंटित किए गए। कुल 212 निवेशकों को अप्पर बैंड ₹1,119 पर 7.24 करोड़ शेयर मिले। संस्थागत निवेशकों की मांग ₹2.5 लाख करोड़ से ज्यादा रही, जो ऑफर से करीब 30 गुना अधिक है।
एलआईसी को ₹499.98 करोड़ का सबसे बड़ा आवंटन मिला। इसके बाद न्यू वर्ल्ड फंड (₹486.27 करोड़), सिंगापुर सरकार (₹340.93 करोड़), एसबीआई फोकस्ड फंड और बीएनपी परिबा प्रमुख रहे। ब्लैकरॉक, कैपिटल ग्रुप, फिडेलिटी और अबू धाबी इन्वेस्टमेंट अथॉरिटी भी एंकर बुक में शामिल हैं।
ग्रे मार्केट में शेयर करीब ₹270 के प्रीमियम पर ट्रेड कर रहा है। इससे सांकेतिक लिस्टिंग प्राइस ₹1,389 के आसपास बैठता है। हालांकि GMP अनौपचारिक और अनियमित है, इसलिए इस पर निर्भर रहने से बचना चाहिए।
तारीखें और पैसों का इस्तेमाल
शेयरों का आवंटन 26 अक्टूबर को होगा। रिफंड और डीमैट में शेयर 27 अक्टूबर को आएंगे। बीएसई और एनएसई पर लिस्टिंग 28 अक्टूबर को प्रस्तावित है। करीब ₹27,500 करोड़ की रकम Jio Infocomm के कर्ज चुकाने में लगेगी। बाकी रकम आम कॉर्पोरेट कामों के लिए रखी जाएगी।
कंपनी के आंकड़ों के मुताबिक 30 जून, 2026 तक रिलायंस जियो के 533.3 मिलियन ग्राहक थे। नेटवर्क भारत के वायरलेस डेटा ट्रैफिक का 60% से ज्यादा संभालता है।
