एशियन गेम्स 2026 के तीरंदाजी मैदान से भारत के लिए एक और खुशखबरी आई है। Neeraj Chauhan ने पुरुषों के रिकर्व व्यक्तिगत कांस्य पदक प्लेऑफ में साथी भारतीय तीरंदाज Dhiraj Bommadevara को 6-4 से हराकर Bronze Medal अपने नाम किया।
मुकाबला बेहद रोमांचक रहा। चार सेटों के बाद स्कोर 4-4 से बराबर था और सब कुछ पांचवें तथा अंतिम सेट पर आकर टिक गया। Dhiraj ने 8 अंक से शुरुआत की, लेकिन Neeraj ने 10 अंक का निशाना लगाकर तुरंत दबाव बना दिया। Dhiraj ने वापसी करते हुए 10 अंक जड़े, लेकिन Neeraj ने 9 अंक के साथ एक अंक की बढ़त बरकरार रखी। दोनों तीरंदाजों ने आखिरी तीर पर 10 अंक मारे, और Neeraj ने सेट 29-28 से जीतकर मुकाबला 6-4 से अपने नाम कर लिया।
2010 के बाद पहला भारतीय पुरुष पदक
इस कांस्य पदक के साथ Neeraj Chauhan Asian Games में व्यक्तिगत रिकर्व स्पर्धा में पदक जीतने वाले सिर्फ दूसरे भारतीय पुरुष तीरंदाज बन गए हैं। उनसे पहले 2010 में Tarundeep Rai ने यह कारनामा किया था, जब उन्होंने रजत पदक जीता था।
यह भी दिलचस्प है कि दोनों भारतीय तीरंदाज सेमीफाइनल में करीबी हार के बाद कांस्य पदक मुकाबले में पहुंचे थे। Dhiraj दक्षिण कोरिया के Lee Wooseok से 3-7 से हारे थे, जबकि Neeraj को जापान के Junya Nakanishi ने 1-7 से मात दी थी।
भारत का तीरंदाजी अभियान: 9 पदक
Neeraj Chauhan के इस कांस्य पदक के साथ Asian Games 2026 में भारत का तीरंदाजी अभियान समाप्त हो गया। भारत ने तीरंदाजी में कुल 9 पदक जीते — 5 स्वर्ण, 2 रजत और 2 कांस्य। यह भारत का अब तक का सबसे शानदार तीरंदाजी प्रदर्शन है।
इससे पहले Kumkum Mohod ने महिलाओं की व्यक्तिगत रिकर्व स्पर्धा में भारत का पहला स्वर्ण पदक जीतकर इतिहास रचा था और LA28 ओलंपिक का कोटा भी पक्का किया था। इसके अलावा Pranavi Urs ने गोल्फ में स्वर्ण जीतकर खेलों में भारत की झोली भरी। भारतीय तीरंदाजों का यह प्रदर्शन आगामी ओलंपिक की तैयारियों के लिए बड़े आत्मविश्वास का संकेत है।
स्रोत: Outlook India
