सर्बिया में छात्र आंदोलन ने इतिहास रच दिया है। देश के संसदीय चुनाव के अंतिम नतीजों में छात्र समर्थित Student List ने पूर्ण बहुमत हासिल कर लिया है। Serbia Election में चुनाव आयोग के मुताबिक 250 सीटों वाली संसद में इस सूची को 140 सीटें मिली हैं। वहीं, पूर्व राष्ट्रपति अलेक्जेंडर वुचिच की अगुवाई वाली सूची 103 सीटों पर सिमट गई।
अंतिम नतीजे 1 नवंबर की रात तक सभी मतदान केंद्रों की गिनती पूरी होने के बाद जारी हुए। Student List को 53.69 प्रतिशत वोट मिले, जबकि वुचिच की United Serbia सूची को 39.48 प्रतिशत वोट मिले। बहुमत के लिए 126 सीटें चाहिए थीं, जिन्हें छात्र सूची ने आसानी से पार कर लिया। शुरुआती नतीजों में भी छात्र सूची आगे चल रही थी।
Serbia Election: 53 मतदान केंद्रों पर दोबारा मतदान
चुनाव आयोग ने 1 नवंबर को 53 मतदान केंद्रों पर दोबारा मतदान कराया था। इनमें 31 केंद्र ऐसे थे, जहां नतीजे तय नहीं हो पाए थे। वहीं, 22 केंद्रों पर मतदान रद्द कर दिया गया था। इन केंद्रों पर करीब 24,438 मतदाता पंजीकृत थे। दोबारा मतदान के शुरुआती नतीजों में दोनों पक्षों को अलग-अलग क्षेत्रों में बढ़त मिली।
मूल चुनाव 25 अक्टूबर को हुआ था। उसी रात वुचिच ने अपनी हार स्वीकार कर ली थी। उन्होंने कहा था कि यह साफ है कि हम चुनाव हार गए हैं और छात्र समर्थित सूची जीत गई है। वुचिच की पार्टी 2012 से सत्ता में थी, यानी छात्र आंदोलन ने 14 साल के शासन का अंत कर दिया।
नोवी साद हादसे से शुरू हुआ आंदोलन
छात्र आंदोलन की शुरुआत नवंबर 2024 में नोवी साद रेलवे स्टेशन की छत गिरने से हुई थी। इस हादसे में 16 लोगों की जान गई थी। इसके बाद भ्रष्टाचार के खिलाफ करीब दो साल तक विरोध प्रदर्शन और विश्वविद्यालयों में धरने चले। इसी आंदोलन से Student List बनी, जिसका औपचारिक नेतृत्व नोवी साद विश्वविद्यालय के प्रोफेसर इलिजा सर्दानोविच ने किया।
वुचिच ने चुनाव में प्रधानमंत्री बनने के लिए 27 सितंबर को राष्ट्रपति पद से इस्तीफा दिया था। अब दिसंबर के अंत तक देश में राष्ट्रपति चुनाव भी कराना होगा। यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा और यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयेन ने छात्र सूची की जीत का स्वागत किया है। अधिक जानकारी के लिए Wikipedia पर अंतिम नतीजे देखें।
