केंद्र सरकार ने Agniveer Second Tour को मंजूरी दे दी है। केंद्रीय मंत्रिमंडल ने बुधवार को अग्निवीरों के लिए दो साल के अतिरिक्त कार्यकाल का फैसला लिया। इसके तहत 75 फीसदी अग्निवीरों को चार साल की सेवा के बाद दो साल और काम करने का मौका मिलेगा। चीफ ऑफ डिफेंस स्टाफ जनरल एनएस राजा सुब्रमण्यम ने इस फैसले की घोषणा की। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की अध्यक्षता में हुई कैबिनेट बैठक में यह फैसला लिया गया।
Agniveer Second Tour: 75% को दो साल का विस्तार
अग्निपथ योजना में 25 फीसदी अग्निवीर चार साल बाद मेरिट से नियमित सेना में शामिल होते हैं। यह व्यवस्था पहले से लागू है और आगे भी जारी रहेगी। बाकी 75 फीसदी अग्निवीरों को अब दो साल का अतिरिक्त कार्यकाल दिया जाएगा। इस तरह उनकी कुल सेवा छह साल की हो जाएगी। दो साल पूरे होने के बाद इच्छुक अग्निवीर नियमित सेना में शामिल होने के लिए आवेदन कर सकेंगे। हालांकि इसके लिए उन्हें तय चयन मानदंड पूरे करने होंगे।
पहले बैच की सेवा पूरी होने वाली है
अग्निपथ योजना 14 जून 2022 को शुरू हुई थी। इसमें 17.5 से 23 साल के युवाओं को चार साल के लिए सेना में भर्ती किया जाता है। पहले बैच में करीब 24,400 अग्निवीर शामिल हुए थे। उनकी चार साल की सेवा अब पूरी होने वाली है। नौसेना के पहले बैच की सेवा 21 नवंबर को खत्म होगी। इसमें करीब 2,100 अग्निवीर थे, जिनमें से करीब 550 को नियमित सेवा में लिया गया है। करीब 18,000 अग्निवीर इस साल के अंत तक सेवा से बाहर होने वाले थे।
स्थायी भर्ती की गारंटी नहीं
रक्षा मंत्री राजनाथ सिंह ने कहा कि यह फैसला सभी इच्छुक अग्निवीरों को नियमित सैनिक बनने का मौका देगा। उन्होंने कहा कि सेवा चार या छह साल की होगी, लेकिन चयन मानदंड पूरे करना जरूरी होगा। इसलिए दो साल का विस्तार स्थायी भर्ती की गारंटी नहीं है। विस्तृत नियम और पात्रता की शर्तें अभी जारी नहीं हुई हैं। द हिंदू की खबर के मुताबिक सरकार जल्द ही इन नियमों को अंतिम रूप देगी।
देश में युवाओं के लिए रोजगार का सवाल अहम बना हुआ है। QS Asia Rankings में भारतीय संस्थानों की स्थिति पर भी युवाओं की नजर रहती है। वहीं मध्य प्रदेश में सफाईकर्मियों की हड़ताल से रोजगार और नियमितीकरण का मुद्दा चर्चा में है। अग्निवीरों के लिए नया रास्ता खुलने से हजारों युवाओं को राहत मिलने की उम्मीद है।
