अमेरिका के उपराष्ट्रपति जेडी वेंस ने फ्रांस में हो रही हिंसक घटनाओं को लेकर पश्चिमी देशों की immigration नीतियों पर तीखा हमला बोला है। वेंस ने X पर एक पोस्ट में Limoges की जलती हुई city hall का वीडियो शेयर करते हुए लिखा — “Stop this madness” (यह पागलपन बंद करो)।
वेंस ने लिखा, “पश्चिमी उदारवादियों ने विविधता और करुणा के नाम पर तीसरी दुनिया को फ्रांस और अन्य देशों में आयात किया। उन्होंने assimilation और compatibility जैसे बुनियादी सवालों को नजरअंदाज किया। उन्हें कहा गया था कि ऐसा होगा, लेकिन उन्होंने सुना नहीं।” उन्होंने आगे लिखा, “मैं प्रार्थना करता हूं कि फ्रांस — एक खूबसूरत देश, अद्भुत लोगों का देश — अपने और ऐतिहासिक स्थलों के जलने से पहले इस पागलपन को रोके।”
अमेरिकी मध्यावधि चुनाव से जोड़ा तार
वेंस ने इस बयान को 3 नवंबर को होने वाले अमेरिकी मध्यावधि चुनावों (midterms) से भी जोड़ा। उन्होंने लिखा, “मुझे उम्मीद है कि अमेरिकी ध्यान दे रहे हैं। कांग्रेस के डेमोक्रेट्स आपके देश के लिए यही भविष्य चाहते हैं।” वेंस को 2028 के राष्ट्रपति चुनाव का संभावित उम्मीदवार माना जाता है और वे रिपब्लिकन पार्टी के राष्ट्रवादी धड़े के प्रमुख चेहरों में गिने जाते हैं।
फ्रांस में क्यों भड़की हिंसा
फ्रांस में महंगाई और जीवन-यापन की बढ़ती लागत के खिलाफ शनिवार को देशभर में प्रदर्शन हुए, जो कई शहरों में हिंसा में बदल गए। फ्रांस में हिंसा के दौरान गृह मंत्रालय के मुताबिक करीब 5.5 लाख लोग सड़कों पर उतरे, जबकि 1,200 से ज्यादा लोगों को गिरफ्तार किया गया।
पेरिस में Apple, Louis Vuitton और Hermès जैसे लग्जरी स्टोर लूटे गए, Lyon में टूरिस्ट ऑफिस में आग लगाई गई और Limoges की 143 साल पुरानी city hall बुरी तरह जल गई। राष्ट्रपति इमैनुएल मैक्रों ने कहा है कि तोड़फोड़ और लूटपाट करने वालों पर मुकदमा चलेगा और उन्हें सजा मिलेगी।
वेंस इससे पहले भी यूरोप की immigration नीतियों की आलोचना करते रहे हैं — फरवरी 2025 में म्यूनिख में दिए भाषण में उन्होंने यूरोपीय नेताओं को इसी मुद्दे पर खरी-खोटी सुनाई थी।
