Kamal Nath: मध्य प्रदेश के पूर्व मुख्यमंत्री और कांग्रेस नेता कमलनाथ ने प्रदेश कांग्रेस संगठन से नाराजगी जाहिर की है। कमलनाथ ने एक बैठक में खुलकर अपनी शिकायतों का इज़हार करते हुए कहा कि उन्हें कांग्रेस की बैठकों की सूचना नहीं दी जाती।

उन्होंने कहा कि मीटिंग के बारे में उन्हें अखबारों से पता चलता है, जबकि यह सूचना उन्हें पहले मिलनी चाहिए। कमलनाथ ने आगे कहा कि नियुक्तियों में भी उनसे कोई परामर्श नहीं लिया जाता। उन्होंने कहा, “आजकल ऐसा हो रहा है कि नियुक्तियां बिना मुझसे पूछे की जा रही हैं।” वह यह भी बोले कि सीनियर नेताओं के साथ नियुक्तियों के बारे में चर्चा की जानी चाहिए।

पूर्व मुख्यमंत्री दिग्विजय सिंह ने भी कमलनाथ की बातों का समर्थन किया। उन्होंने कहा कि इस तरह की बैठकों का एजेंडा भी बहुत लेट भेजा जाता है। “मैंने 6 बजकर 31 मिनट पर एजेंडा प्राप्त किया, और मैं उस वक्त मीटिंग में मोबाइल से जुड़ा हुआ था, तो उस वक्त एजेंडा कैसे देख सकता था?” दिग्विजय सिंह ने यह भी कहा। कांग्रेस में बढ़ते असंतोष के इस दौर को लेकर पार्टी के अंदर एक नया विवाद उभरता हुआ नजर आ रहा है। कमलनाथ और दिग्विजय सिंह के इस बयान से साफ है कि पार्टी में नेतृत्व को लेकर असमंजस और संवाद की कमी महसूस हो रही है।
MORE NEWS>>>उपमुख्यमंत्री अजित पवार जनसभा में भड़के