PM Modi Ladakh visit se judi 5 badi परियोजनाओं का उद्घाटन गुरुवार को हो गया। प्रधानमंत्री ने वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के जरिए दोपहर करीब 12:30 बजे इन परियोजनाओं को राष्ट्र को समर्पित किया। कुल लागत ₹3,350 करोड़ बताई गई है। ये परियोजनाएं कनेक्टिविटी, ऊर्जा, सांस्कृतिक धरोहर और जल सुरक्षा से जुड़ी हैं।
प्रधानमंत्री ने अपने संबोधन में कहा कि आज Ladakh की प्रगति और विकास का एक और अध्याय जुड़ रहा है। उन्होंने तकनीक के माध्यम से इस अवसर का हिस्सा बनने पर खुशी जताई। PM ने Ladakh के लोगों, इंजीनियरों, श्रमिकों और Border Roads Organisation के कर्मियों को बधाई दी।
PM Modi Ladakh Projects: Leh Airport को नया टर्मिनल
इस उद्घाटन का सबसे बड़ा केंद्र नया पैसेंजर टर्मिनल रहा, जो Kushok Bakula Rimpochee Airport, Leh में ₹640 करोड़ की लागत से बना है। टर्मिनल 23,800 वर्ग मीटर में फैला है और सालाना 35 लाख यात्रियों को संभालने के लिए डिज़ाइन किया गया है। पुरानी क्षमता 10 लाख सालाना थी — यानी क्षमता तीन गुना से ज्यादा बढ़ गई।
टर्मिनल में geothermal heating तकनीक लगाई गई है। प्रधानमंत्री के अनुसार यह भारत का पहला airport terminal है जिसमें geothermal heating का इस्तेमाल हुआ है। इसके अलावा solar energy भी जोड़ी गई है ताकि Ladakh के कठोर मौसम में ऊर्जा की चुनौतियों से निपटा जा सके। भवन की वास्तुकला में आधुनिक यात्री सुविधाओं के साथ Ladakh की सांस्कृतिक धरोहर की झलक भी रखी गई है।
Nimmu-Padum-Darcha Road: सेना और लोगों के लिए नया रास्ता
प्रधानमंत्री ने 298 किलोमीटर लंबी Nimmu-Padum-Darcha सड़क को भी राष्ट्र को समर्पित किया। Border Roads Organisation ने इसे बनाया है। यह सड़क Leh के Nimmu को Himachal Pradesh के Darcha से जोड़ती है और दुर्गम Zanskar Valley से गुजरती है।
यह सड़क Srinagar–Leh और Manali–Leh राजमार्गों के पूरक के रूप में Ladakh तक एक वैकल्पिक रास्ता देगी। Shinkun La जैसे ऊंचे दर्रों वाले कठिन हिमालयी इलाके में इसका निर्माण बड़ी इंजीनियरिंग उपलब्धि माना जा रहा है। इसका रणनीतिक महत्व सशस्त्र बलों की आवाजाही और लॉजिस्टिक्स को मजबूत करने में है। साथ ही Zanskar के निवासियों को स्वास्थ्य, शिक्षा, बाजार और आवश्यक सेवाओं तक बेहतर पहुंच मिलेगी।
ऊर्जा, धरोहर और जल सुरक्षा की परियोजनाएं
उद्घाटन में 9 मेगावाट का Hanu hydro project और 66-kV Dah-Hanu-Khaltsi transmission line भी शामिल है। इससे क्षेत्र में बिजली आपूर्ति सुधरने की उम्मीद है। भारत का पहला Petroglyph Conservation Park भी शुरू किया गया है, जो प्राचीन शैलचित्र धरोहर के संरक्षण पर केंद्रित है। इसके अलावा किसानों के लिए 40 Amrit Him Sarovar जल निकायों का विकास किया गया है।
सरकारी बयान के अनुसार 2019 में Ladakh के पुनर्गठन के बाद से एक ही दिन में यह सबसे व्यापक बुनियादी ढांचा पैकेज है।
