वॉशिंगटन डीसी से एक चौंकाने वाला दावा सामने आया है। अमेरिका के पूर्व राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप ने शनिवार, 3 जनवरी को कहा कि संयुक्त राज्य अमेरिका ने वेनेजुएला की राजधानी काराकस में हवाई हमले किए, जिसके कुछ घंटों बाद वेनेजुएला के राष्ट्रपति निकोलस मादुरो और उनकी पत्नी को हिरासत में लेकर देश से बाहर ले जाया गया। हालांकि, इस दावे की अभी तक अमेरिका या वेनेजुएला की आधिकारिक एजेंसियों द्वारा पुष्टि नहीं की गई है।
ट्रंप ने यह दावा अपने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म Truth Social पर एक पोस्ट के जरिए किया। उन्होंने लिखा कि अमेरिका ने वेनेजुएला और उसके नेता के खिलाफ “बड़े पैमाने पर” कार्रवाई की है और यह ऑपरेशन अमेरिकी कानून प्रवर्तन एजेंसियों के साथ मिलकर किया गया। ट्रंप ने यह भी कहा कि इस पूरे मामले पर Mar-a-Lago में सुबह 11 बजे एक प्रेस कॉन्फ्रेंस की जाएगी, जहां और जानकारी साझा की जाएगी।
Primera foto de Maduro capturado por Estados Unidos. pic.twitter.com/lNTrS5WqQB
— Gustavo Cardenas (@gustav0cardenas) January 3, 2026
इस बीच सोशल मीडिया पर एक तस्वीर तेजी से वायरल हो रही है, जिसमें अमेरिकी सैनिक कथित तौर पर राष्ट्रपति मादुरो को पकड़े हुए दिखाई दे रहे हैं, जबकि पीछे एक सैन्य हेलिकॉप्टर नजर आता है। हालांकि, इस तस्वीर की प्रामाणिकता की स्वतंत्र पुष्टि नहीं हो सकी है, और न ही यह साफ है कि यह तस्वीर कब और कहां की है।
शनिवार तड़के वेनेजुएला की राजधानी काराकस में तेज धमाकों की आवाजें सुनी गईं, जिससे शहर में दहशत का माहौल बन गया। स्थानीय रिपोर्ट्स के मुताबिक, कई इलाकों में लोग घरों से बाहर निकल आए। इन धमाकों के कुछ घंटों बाद ट्रंप के दावे ने अंतरराष्ट्रीय राजनीति में हलचल मचा दी।
महत्वपूर्ण बात यह है कि वेनेजुएला सरकार की ओर से अब तक कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया गया है। न ही अमेरिकी रक्षा विभाग (पेंटागन) या व्हाइट हाउस ने ट्रंप के दावों की पुष्टि की है। ऐसे में विशेषज्ञ इसे एक राजनीतिक दावा मानते हुए सावधानी बरतने की सलाह दे रहे हैं।
अंतरराष्ट्रीय मामलों के जानकारों का कहना है कि अगर इस तरह की कार्रवाई वास्तव में हुई होती, तो इसके वैश्विक कूटनीतिक और सैन्य परिणाम बेहद गंभीर होते। ऐसे किसी भी ऑपरेशन की पुष्टि आमतौर पर आधिकारिक प्रेस ब्रीफिंग या संयुक्त बयान के जरिए की जाती है।
STATEMENT FROM PRESIDENT DONALD J. TRUMP pic.twitter.com/nHDqtsqRFh
— Karoline Leavitt (@PressSec) January 3, 2026
फिलहाल, यह पूरा मामला दावों, वायरल तस्वीरों और अपुष्ट सूचनाओं पर आधारित है। जब तक अमेरिका और वेनेजुएला की सरकारें औपचारिक रूप से कुछ नहीं कहतीं, तब तक इस खबर को सिर्फ ट्रंप के दावे के तौर पर ही देखा जा रहा है। दुनिया भर की नजरें अब Mar-a-Lago में होने वाली प्रेस कॉन्फ्रेंस और आधिकारिक प्रतिक्रियाओं पर टिकी हैं।

