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Jantar Mantar में घुसे CJP कार्यकर्ता, 20 हिरासत में

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नई दिल्ली। Jantar Mantar CJP कार्यकर्ताओं ने मंगलवार सुबह पुलिस के बैरिकेड तोड़ दिए। वे गेट लांघकर परिसर में घुस गए। कार्यकर्ताओं ने तिरंगा लहराया। उन्होंने मुख्य चुनाव आयुक्त ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग के नारे लगाए। पुलिस ने मौके पर सभी कार्यकर्ताओं को हिरासत में ले लिया।

हिरासत में लिए गए लोगों में CJP के प्रमुख प्रवक्ता सौरव दास शामिल हैं। राष्ट्रीय प्रवक्ता आशुतोष रांका और संगठन प्रभारी अजिंक्य शिंदे भी हिरासत में हैं। CJP के संस्थापक अभिजीत दीपके ने दावा किया कि करीब 20 कार्यकर्ता सुबह-सुबह जंतर-मंतर में घुस गए थे। दीपके ने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी को टैग करते हुए लिखा कि प्रतिरोध को डिनोटिफाई नहीं किया जा सकता।

Jantar Mantar CJP: दो दिन पहले ही छूटे थे बांड पर

गौरतलब है कि सौरव दास और आशुतोष रांका दो दिन पहले ही रिहा हुए थे। रविवार को दिल्ली कैंट के विशेष कार्यकारी मजिस्ट्रेट कोर्ट ने दोनों को 50,000 रुपये के मुचलके पर छोड़ा था। शर्त थी कि वे एक साल तक शांति और अच्छा आचरण बनाए रखेंगे। मंगलवार की कार्रवाई के बाद अब उनके खिलाफ नई कानूनी कार्रवाई की आशंका है।

सोमवार को ही हटा था प्रदर्शन स्थल का दर्जा

यह घटनाक्रम सोमवार को जंतर-मंतर का दर्जा हटाए जाने के एक दिन बाद हुआ है। दिल्ली पुलिस ने गृह मंत्रालय की समिति की सिफारिश पर यह फैसला लिया था। इसके बजाय रामलीला मैदान, बुराड़ी मैदान और सीबीडी मैदान को नए प्रदर्शन स्थल घोषित किया गया है। हालांकि नए स्थलों की संशोधित SOP अभी जारी नहीं हुई है।

कार्यकर्ताओं ने वीडियो में “भारत माता की जय” के नारे लगाए। उन्होंने “ज्ञानेश कुमार इस्तीफा दो” के नारे भी लगाए। सौरव दास ने दावा किया कि डिनोटिफाई होने के 24 घंटे के भीतर ही उन्होंने जंतर-मंतर वापस हासिल कर लिया। पुलिस के एक वरिष्ठ अधिकारी ने बताया कि सभी को जाफरपुर कलां थाने ले जाया गया है। दिल्ली पुलिस ने अभी कोई आधिकारिक बयान नहीं दिया है।

बता दें कि CJP और विपक्षी दल इस महीने रोजाना प्रदर्शन कर रहे हैं। वे CEC ज्ञानेश कुमार के इस्तीफे की मांग कर रहे हैं। उनका आरोप है कि मतदाता सूची के SIR में धांधली हुई है। चुनाव आयोग इन आरोपों से इनकार कर चुका है। सोमवार को INDIA गठबंधन ने “मार्च फॉर डेमोक्रेसी” निकाला था। उसने SIR के खिलाफ याचिका भी दाखिल की थी। व्यापारियों के 2,000 करोड़ रुपये के नुकसान पर भी हाईकोर्ट में सुनवाई चल रही है।

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