इंदौर में गरबा आयोजन के दौरान हुई फायरिंग (Indore Garba firing) ने एक युवक की जान ले ली। एमआईजी थाना क्षेत्र की कृष्णा बाग कॉलोनी में मंगलवार रात करीब 10:15 बजे कुर्सियां लगाने को लेकर विवाद शुरू हुआ। कहासुनी बढ़ने पर आरोपी ने लाइसेंसी रिवॉल्वर से दो से तीन राउंड गोलियां चला दीं। एक गोली युवक रक्षित के पेट में लगी। उसे गंभीर हालत में अस्पताल पहुंचाया गया, लेकिन उपचार के दौरान उसकी मौत हो गई।
रास्ते की कुर्सियों पर विवाद
विवाद की शुरुआत गली के रास्ते में कुर्सियां लगाने की बात से हुई। महिलाएं और बच्चे कुर्सियां लगाकर रास्ते में बैठे थे। इसी दौरान पास में रहने वाला युवक केशव वहां से निकलने लगा। रास्ते में कुर्सियां होने की बात पर दोनों पक्षों में कहासुनी हो गई। देखते ही देखते कहासुनी गाली-गलौज और मारपीट तक पहुंच गई। गरबा के उत्सवी माहौल के बीच अचानक फैले तनाव से कॉलोनी में दहशत फैल गई।
रिवॉल्वर से फायरिंग, पेट में लगी गोली
कहासुनी के बाद केशव ने अपने पिता नीरज को घटना की जानकारी दी। नीरज सेवानिवृत्त आर्मी कर्मी बताए जा रहे हैं और फिलहाल एसबीआई में सुरक्षा गार्ड हैं। आरोप है कि बेटे की सूचना पर वह अपनी लाइसेंसी रिवॉल्वर लेकर मौके पर पहुंचे। आक्रोश में उन्होंने दो से तीन राउंड फायर कर दिए। गोली लगते ही मौके पर अफरा-तफरी मच गई। वहां मौजूद लोगों ने घायल रक्षित को तत्काल अस्पताल पहुंचाया।
Indore Garba firing पर पुलिस की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही एमआईजी थाना पुलिस मौके पर पहुंची। इसके बाद पुलिस ने आरोपी नीरज और उनके बेटे केशव को हिरासत में ले लिया। रिवॉल्वर भी जब्त कर ली गई है। पहले भारतीय न्याय संहिता की धारा 109 के तहत प्रकरण दर्ज किया गया था। युवक की मौत के बाद अब हत्या की धाराएं बढ़ाने की कार्रवाई की जा रही है। अतिरिक्त पुलिस उपायुक्त अमरेंद्र सिंह के मुताबिक मामले की विस्तृत जांच जारी है। पुलिस का कहना है कि जांच के आधार पर आगे की कार्रवाई की जाएगी।
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