इंदौर में अवैध होर्डिंग पर हाईकोर्ट सख्त, 24 घंटे में हटाने के आदेश
इंदौर में indore illegal hoarding मामले पर मध्य प्रदेश हाईकोर्ट ने सख्त रुख अपनाया है। अदालत ने प्रशासन को 24 घंटे का समय दिया। इस अवधि में अवैध राजनीतिक और धार्मिक होर्डिंग हटाने होंगे। साथ ही, यही आदेश भोपाल में भी लागू रहेगा। इस फैसले से नगर निगम की कार्रवाई तेज होने की उम्मीद है।
indore illegal hoarding मामला क्या है?
यह सुनवाई एस.एस. एडवरटाइजिंग कंपनी की याचिका पर हुई। कंपनी नियमित शुल्क जमा करती है। वह नगर निगम को राजस्व भी देती है। इसके बावजूद शहर में कई अवैध होर्डिंग लगे हैं। इसलिए कंपनी ने अदालत का दरवाजा खटखटाया।
हाईकोर्ट ने क्या आदेश दिए?
अदालत ने तुरंत कार्रवाई के निर्देश दिए। इसके अलावा, अवैध होर्डिंग लगाने वालों की पहचान करने को कहा। वहीं, उनके खिलाफ कार्रवाई के लिए समिति बनाने के निर्देश भी दिए। प्रशासन से पालन रिपोर्ट भी मांगी गई। यह रिपोर्ट अगली सुनवाई में पेश होगी।
शहर पर क्या असर पड़ेगा?
यदि आदेश का पालन होता है, तो कई अवैध होर्डिंग हट जाएंगे। इससे सड़कें अधिक व्यवस्थित दिखेंगी। साथ ही, नगर निगम की वैध विज्ञापन व्यवस्था मजबूत होगी। नियमों का पालन करने वाली एजेंसियों को भी राहत मिलेगी।
आगे क्या होगा?
अब प्रशासन के सामने 24 घंटे की समयसीमा है। हालांकि, अदालत ने स्पष्ट किया है कि कार्रवाई की जानकारी देनी होगी। दूसरी ओर, समिति भी अपनी रिपोर्ट तैयार करेगी। अंततः, अगली सुनवाई में पूरे मामले की समीक्षा होगी।
मुख्य बातें
मामला एस.एस. एडवरटाइजिंग कंपनी की याचिका से जुड़ा है।
इंदौर में 24 घंटे में अवैध होर्डिंग हटाने के आदेश।
भोपाल में भी यही निर्देश लागू।
समिति बनाकर कार्रवाई की जाएगी।
प्रशासन से पालन रिपोर्ट मांगी गई।

