दक्षिण अमेरिकी देश पराग्वे के राष्ट्रपति सैंटियागो पेन्या ने गुरुवार को अपने पद से इस्तीफा दे दिया। देश के सबसे बड़े डिजिटल बैंक यूएनो के ढहने के बाद उन पर भारी दबाव बन गया था। बैंक के खाते बंद होने से करीब 30 लाख ग्राहक अपना पैसा नहीं निकाल पा रहे थे। पेन्या ने सोशल मीडिया पर जारी वीडियो संदेश में इस्तीफे की घोषणा की।
Paraguay President Resigns: Ueno Bank संकट की कहानी
यूएनो बैंक पराग्वे का सबसे बड़ा डिजिटल बैंक है। देश की करीब 65 लाख आबादी में इसके लगभग 30 लाख ग्राहक हैं। सोमवार को पराग्वे के केंद्रीय बैंक ने बैंक का नियंत्रण अपने हाथ में ले लिया था। जांच में पाया गया कि बैंक की पूंजी कानूनी न्यूनतम स्तर के आधे से भी नीचे गिर गई थी। इसके बाद ग्राहकों के खाते फ्रीज कर दिए गए। लोग एटीएम, कार्ड और ऑनलाइन बैंकिंग का इस्तेमाल नहीं कर पा रहे थे।
बैंक के पास करीब 850 मिलियन डॉलर का सार्वजनिक धन भी जमा था। इसमें राज्य पेंशन और स्वास्थ्य निधि का पैसा शामिल था। विपक्ष ने पेन्या पर हितों के टकराव का आरोप लगाया। उनका कहना था कि राष्ट्रपति का बैंक से जुड़े समूह से पुराना नाता रहा है। पेन्या ने कहा कि उन्होंने मार्च 2025 में अपनी हिस्सेदारी बेच दी थी।
महाभियोग की बहस के बीच इस्तीफा
विपक्ष के 35 सांसदों और सत्ता पक्ष के कुछ बागी नेताओं ने पेन्या के खिलाफ आरोप पेश किए थे। गुरुवार को संसद के निचले सदन में महाभियोग पर बहस चल रही थी। इसी दौरान पेन्या ने इस्तीफे का एलान कर दिया। इसके बाद भी निचले सदन ने सर्वसम्मति से महाभियोग की प्रक्रिया आगे बढ़ाने के पक्ष में मतदान किया। अब सीनेट इस पर फैसला लेगा।
पेन्या ने अपने संदेश में कहा कि उन्होंने देश की स्थिरता को ध्यान में रखकर यह फैसला लिया है। उन्होंने लोकतांत्रिक संस्थाओं की रक्षा की बात भी कही। उन्होंने माफी मांगी, लेकिन बैंक संकट की सीधी जिम्मेदारी नहीं ली। कांग्रेस का संयुक्त सत्र इस्तीफे पर विचार करेगा। उपराष्ट्रपति पेड्रो अलियाना उनके उत्तराधिकारी बनेंगे।
जांच, गिरफ्तारियां और प्रदर्शन
बैंक संकट की जांच में अब तक 26 लोगों पर आरोप तय हुए हैं। इनमें बैंक के बोर्ड के सभी आठ सदस्य शामिल हैं। आठ वरिष्ठ अधिकारियों को गिरफ्तार किया गया है। इनमें बैंक के संस्थापक मिगुएल वास्केज भी हैं। केंद्रीय बैंक के प्रमुख कार्लोस कार्वालो ने मंगलवार को इस्तीफा दे दिया था।
राजधानी असुनसियोन में बुधवार रात सैकड़ों लोग सड़कों पर उतर आए थे। प्रदर्शनकारियों ने अपनी जमा राशि वापस करने और पेन्या के इस्तीफे की मांग की थी। पुलिस ने भीड़ को हटाने के लिए मिर्च स्प्रे और रबर की गोलियों का इस्तेमाल किया। केंद्रीय बैंक अब ग्राहकों के खाते दूसरे बैंकों में स्थानांतरित करने की कोशिश कर रहा है।
दुनिया भर में कई बड़े राजनीतिक बदलाव हो रहे हैं। अमेरिका में मध्यावधि चुनाव में डेमोक्रेट्स की जीत और ईरान पर अमेरिकी प्रतिबंध भी सुर्खियों में हैं। पराग्वे में अब सबकी नजर सीनेट के फैसले और नई सरकार के गठन पर टिकी है।
